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वैज्ञानिकों का सफल प्रयास, अब एक ही पौधे में लगेंगे टमाटर-बैगन के फल
वाराणसी के वैज्ञानिकों ने तैयार किया ग्राफ्टेड टमाटर और बैंगन का पौधा ब्रिमेटो भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान ने किया कारनामा भोपाल। वाराणसी के भारतीय ...
अब हवा में उगेगा आलू, आएंगे अच्छे दिन, मिलेगी पांच गुना ज्यादा पैदावार
जमीन के अंदर आलू की खेती होते सबने देखी होगी। अब एरोपॉनिक तकनीक से हवा में भी आलू की खेती की जा सकेगी, जिसमें पांच गुना ज्यादा पैदावार भी होगी। देश में यह एक क्रांतिकारी प्रयास है। इस तकनीक की मदद से आलू जमीन में नहीं, बल्कि हवा में उगाया जा रहा है। इस तकनीक से आलू उगाने पर किसानों को पांच गुना ज्यादा मुनाफा मिलता है। इसके साथ ही आलू को सडऩे और खोदते समय होने वाले नुकसान से भी बचाया जा सकता है। इससे किसानों की आय भी बढ़ जाएगी।
मप्र में नवाचारों के गांव नवादपुरा में अब आत्मनिर्भर गोशाला
2020 (अगस्त) में काम शुरू हुआ 14 माह में तैयार 200 फीट की गौशाला 300 गाय रह सकेंगे इसलिए 17 एकड़ में लगाए पौधे ...
नई अफीम नीति के खिलाफ किसानों का विरोध
गौरव तिवारीमंदसौर, मंदसौर में अफीम नीति के खिलाफ बही चौपाटी पर किसान धरना-प्रदर्शन करेंगे। किसानों का कहना है कि घोषित की गई नई अफीम ...
कमलनाथ का खरीदा गेहूं केंद्र सरकार ने लेने से किया इंकार, शिवराज ने 1200 करोड़ में बेचा
भोपाल। केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश के जिस छह लाख 43 हजार टन गेहूं को सेंट्रल पूल में लेने से मना कर दिया था, ...
सरकार और समाज मिलकर गौमाता को बनाएं स्वावलंबी: मुख्यमंत्री
आचार्य श्री विद्यासागर जीवदया गौसेवा सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गौ संरक्षण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि गौशाला का संचालन अकेले सरकार के वश की बात नहीं है। समाज के साथ मिलकर ही यह काम संभव है। गो माता की हर एक चीज उपयोगी है। इसका यदि सही ढंग से इस्तेमाल किया जाए तो खुद ही गौशाला स्वावलंबी हो जाएगी। सीएम ने दयोदय में पुरस्कार वितरण कार्यक्रम को संबोधित किया।
बारिश से उजड़ी 27 हजार हेक्टेयर में खड़ी धान-सरसों की फसल
दो माह के भीतर किसानों पर मौसम की यह दूसरी मार पड़ी है। जिस कारण जिले का किसान सदमे में पहुंच गए हैं। यहां बता दें कि जिले में रविवार की रात को हुई तेज बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान खेतों में खड़ी धान और सरसों की फसल को हुआ है।
ग्रामीणों को विकास का पाठ पढ़ाएगी ‘जुगाड़ लाइब्रेरी’
हर ग्राम पंचायत में इन दिनों जुगाड़ से लाइब्रेरी बनाई जा रही है। जुगाड़ भी ऐसा की हर घर की रद्दी कॉपी किताबों को ग्राम पंचायतों में सजाया गया है। ये पहल जिले में मंडला कलेक्टर हर्षिका सिंह ने की है। जिसका मकसद है, कि जो ग्रामीण नई-नई चीजें पढऩा और लिखना चाहते हैं, वो यहां आकर आराम से पढ़ और लिख सकते है। दरअसल, मंडला कलेक्टर ने एक नई पहल शुरू की है।
आदिवासियों के लिए लाभकारी सिद्ध होगी मप्र सरकार की हेरिटेज वाइन पॉलिसी
मप्र में आदिवासियों की आबादी 21 प्रतिशत है। वहीं 2011 की जनगणना के अनुसार इनकी संख्या एक करोड़ 53 लाख है। मप्र में हर पांचवां व्यक्ति अनुसूचित जनजाति वर्ग का है। दरअसल, झाबुआ में मुख्यमंत्री ने कहा है कि उनकी सरकार आदिवासियों को महुआ से शराब बनाने की इजाजत देगी।
13 जिलों के किसानों को राहत, मिली पंजीयन की अनुमति, जानें आखिरी तारीख
सतना और मंडला समेत प्रदेश के 13 जिलों के किसानों को खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 में धान उपार्जन के लिए पंजीयन की अनुमति मिली है। इसके तहत पंजीयन की अंतिम तिथि बीत जाने के बावजूद सतना जिले के 658 किसानों को पंजीयन कराने की अनुमति मिली है। वही मंडला में पंजीयन के लिए शेष किसानों का 12 केन्द्रों में 26 अक्टूबर तक पंजीयन होगा।




